KKR vs LSG 2026: आईपीएल 2026 का 15वां मैच कोलकाता के ईडन गार्डन्स में कोलकाता नाइट राइडर्स और लखनऊ सुपर जायंट्स के बीच खेला जा रहा था। मैच की शुरुआत में ही एक ऐसा पल आया जिसने पूरे क्रिकेट जगत को हिला दिया। केकेआर के ओपनर फिन एलन मात्र 9 रन बनाकर पवेलियन लौट गए, लेकिन उनका कैच आउट विवादों में घिर गया। लखनऊ के फील्डर डिग्वेश राठी ने थर्ड मैन बाउंड्री के पास शानदार कैच पकड़ा, लेकिन रीप्ले में उनके पैर के बाउंड्री कुशन को छूने के संकेत दिखे। तीसरे अंपायर ने बिना विस्तृत जांच के आउट दे दिया, जिससे सोशल मीडिया पर तूफान खड़ा हो गया।
घटना क्या थी? कैच कैसे हुआ विवादास्पद
मैच के दूसरे ओवर में प्रिंस यादव की गेंद पर फिन एलन ने पुल शॉट खेलने की कोशिश की। गेंद टॉप एज लेकर थर्ड मैन बाउंड्री की ओर उड़ी। डिग्वेश राठी ने बाउंड्री लाइन के बेहद करीब कूदकर कैच कम्पलीट किया। मैदानी अंपायर ने तुरंत आउट दे दिया और एलन 8 गेंदों पर 9 रन बनाकर वापस लौट गए।
लेकिन जब टीवी रीप्ले आए तो मामला उलट गया। स्लो मोशन में दिखा कि राठी का बायां पैर बाउंड्री कुशन को हल्का सा छू रहा था। कुशन में भी मामूली हलचल नजर आई, जिससे कई विशेषज्ञों का मानना था कि यह छह हो सकता था। पूर्व आरसीबी खिलाड़ी श्रीवत्स गोस्वामी ने एक्स पर लिखा, "यह तो साफ छह लग रहा था। पैर ने एडवरटाइजिंग बोर्ड को छुआ और वह हिला भी।"
अंपायरिंग पर उठे सवाल, तीसरे अंपायर की भूमिका विवाद में
आईपीएल में अंपायरिंग की बार-बार आलोचना होती रही है और इस मैच में भी तीसरे अंपायर केएन आनंद पद्मनाभन की निर्णय पर सवाल खड़े हो गए। कई कोणों से रीप्ले उपलब्ध होने के बावजूद उन्होंने विस्तृत जांच नहीं की। कमेंटेटर्स हर्षा भोगले और फाफ डु प्लेसिस ने भी कहा कि कई एंगल्स चेक करने की जरूरत थी।
क्रिकेट नियमों के अनुसार, अगर फील्डर का कोई हिस्सा बाउंड्री से टच करता है जबकि गेंद उसके कंट्रोल में हो, तो कैच अमान्य माना जाता है। यहां मामला बेहद करीबी था, लेकिन फैसला जल्दबाजी में लिया गया। सोशल मीडिया पर फैंस ने 'अंपायरिंग शर्मनाक है' जैसे कमेंट्स पोस्ट किए और मीम्स बनाकर वायरल कर दिए।
दोनों टीमों पर असर और मैच का संदर्भ
यह विवाद केकेआर के लिए शुरुआती झटका था, लेकिन टीम ने पावरप्ले में रिकवर किया और अच्छी शुरुआत की। वहीं लखनऊ सुपर जायंट्स के लिए डिग्वेश राठी का यह कैच महत्वपूर्ण साबित हुआ, हालांकि विवाद ने उनकी उपलब्धि पर साया डाल दिया।
आईपीएल 2026 में यह दूसरा बड़ा अंपायरिंग विवाद नहीं है। इससे पहले भी कुछ मैचों में इसी तरह की घटनाएं देखी गईं, जिससे बीसीसीआई पर दबाव बढ़ रहा है कि टेक्नोलॉजी का बेहतर इस्तेमाल किया जाए। एलन जैसे आक्रामक बल्लेबाज का जल्दी आउट होना मैच के रुख को प्रभावित कर सकता था।
विशेषज्ञों और फैंस की प्रतिक्रिया
पूर्व खिलाड़ियों और कमेंटेटर्स ने एकमत से कहा कि ऐसे करीबी मामलों में थर्ड अंपायर को सभी उपलब्ध एंगल्स देखने चाहिए। फैंस ने सोशल मीडिया पर हैशटैग #FinnAllenNotOut और #UmpiringBlunder ट्रेंड किए। कुछ ने डिग्वेश राठी की तारीफ की तो कुछ ने कहा कि स्पिरिट ऑफ क्रिकेट का ध्यान रखना चाहिए।
यह घटना क्रिकेट में टेक्नोलॉजी और मानवीय फैसलों के बीच संतुलन की जरूरत को दोबारा उजागर करती है। आईपीएल जैसे बड़े टूर्नामेंट में छोटी-छोटी गलतियां भी बड़ी बहस पैदा कर सकती हैं।